Monsoon Season business ideas | मानसून सीजन में कर सकते है अच्छी कमाई

वर्तमान समय मे सम्पूर्ण विश्व के साथ-साथ भारत भी कोरोना जैसी महामारी से पीड़ित होने के कारण अनेक व्यक्तियों के काम-काज जीवनयापन व रोजगार पर अत्याधिक गहरा व बुरा प्रभाव पड़ा है, परन्तु मानसून के आने से और भारत की केन्द्र सरकार व राज्य सरकार की लॉकडाउन में दी गयी छूटों को देखा जाए तो मानसून ने एक नए व अच्छे अवसर की तरह भारत मे दस्तक दी है,

जिसका फ़ायदा सबसे अधिक निम्न वर्ग के व्यक्तियों को होगा क्योंकि लॉकडाउन के बाद उनको अपने जीवनयापन में अत्याधिक समस्यायों के सामान करना पड़ रहा है। वे सभी निम्न वर्ग के व्यक्ति जो पहले अपना जीवनयापन नौकरी व मजदूरी के माध्यम से करते थे अब वे स्वयं का मानसूनी मौसमी व्यवसाय शुरू कर सकते है, जिससे ना केवल वो अपना जीवनयापन अच्छा कर सकते है बल्कि अपने जीवन को एक नई दिशा भी दे सकते है।

मानसून में आप बहुत सारे व्यवसाय कर सकते है,जैसे;-आम का व्यापार, छाते व रेनकोट का व्यापार, वाटर प्रूफ बैग और मोबाइल कार वाशिंग इत्यादि जैसे व्यापार से निम्न वर्ग का व्यक्ति कोरोना जैसी महामारी के बाद आयी आर्थिक तंगी के बाद, एक नई दिशा की ओर अग्रसर होकर देश व समाज को विकास के पथ पर एक अच्छी गति प्रदान करेगा।

व्यापार करने वाले व्यक्तियों को व्यापार के बारे में समस्त जानकारी होना भी अत्यंत आवश्यक है, क्योंकि जानकारी के अभाव में ग्राहक को संतुष्ट नहीं किया जा सकता औऱ व्यापार को एक अच्छी गति नही मिलेगी।

व्यापार करने से पूर्व व्यक्ति को ये देखना चाहिए कि उसके क्षेत्र में किस चीज की ज्यादा जरूरत है और उसे किस चीज़ के बारे में अधिक ज्ञान है। किसी भी व्यापार को शुरू करने से पहले आप उसके बारे में समस्त जानकारी एकत्रित कर ले, जिससे आप व्यापार में होने वाली अधिकाधिक समस्याओं से बच सकें।

1) आम का व्यापार:-

यदि आप आम का व्यापार करना चाहते है, तो आपको आम की समस्त विविधता(वैरायटी) पता होनी चाहिए। आम बहुत सारी विविधता के पाए जाते है और उनके स्वाद व गुणवत्ता भी अलग अलग होती है और अलग-अलग क्षेत्र के व्यक्तियों को अलग-अलग प्रकार का आम पंसद होता है।

जैसे महाराष्ट्र का हापुस आम,उत्तर प्रदेश का दशहरी आम , आंध्र प्रदेश व तमिलनाडु के नीलम आम, गुजरात का केसर आम इत्यादि विविध प्रकार के आम पाय जाते है। जिन्हें मुख्यतः देख जाए तो क्षेत्र व राज्यों के आधार पर उनकी विशेष गुणवत्ता व उनके स्वाद के अनुसार वर्गीकृत किया गया है औऱ इनका वर्गीकरण आप राज्यों के आधार पर भी सामान्य रूप से देख सकते हैं।

इसके साथ ही आपको यह भी पता होना चाहिए कि जहाँ आप आम बेच रहे है, वहाँ पर किस-किस राज्य के लोग रह रहे है और वहाँ के लोग किस आम को ज्यादा वरियता देते है। आपको इन सभी छोटे छोटे पहलुओं पर विशेष ध्यान रखना होगा।

यदि आप ताजे व अच्छे आम थोक में खरीदना चाहते है , तो कोशिश करे कि आप सीधा बागानों से सम्पर्क करके खरीदे। आम की पैदावार भारत के लगभग सभी राज्यों में होती है तो आप आसानी से खरीद सकते है। जिससे आपको सस्ते दामों , उत्तम गुणवत्ता व ताजे वाले आम मिल जाएंगे और आप बागानों से आसानी से खरीदकर ज्यादा मुनाफ़ा कमा सकते है।

ज्यादातर लोगों को आम पसन्द ही होता है, इसलिए ही इसे फलों का राजा कहा गया है तो आपके नुकसान की सम्भावना की दर भी बहुत कम है। यदि किसी व्यक्ति को आम के बारे अत्याधिक जानकारी नही है या उसे इस व्यापार में रुचि नहीं है तो वह और भी अनके व्यापार कर सकता है।

2) छाते व रेनकोट या रेन कार्ड का व्यापार :-

निम्न वर्ग का व्यक्ति छाते व रेनकोट का व्यापार कर सकता है, वह थोक में छाते व रेनकोट खरीदकर उसे बेचकर भी अपना एक व्यापार शुरू कर सकता है।चूँकि मानसून में बारिश के दौरान एक आम नागरिक काम बंद नही कर सकता। कार्यालय, स्कूल और बाजार जाने के लिए प्रत्येक व्यक्ति को छाता या रेनकोट की आवश्यकता होती ही है ।

एक मोटरबाइक चालक को बारिश से बचने के लिए रेनकोट की आवश्यकता होती है, परन्तु रेनकोट बारिश से बचने की एक आधुनिक वस्तु/साधन नही है। आजकल “रेन कार्ड” नामक एक आधुनिक वस्तु जो कि एक पॉलीथीन से बना एक रेनकोट जैसा ही होता है,और यह इतना छोटा होता है, कि आप इसे अपनी जेब मे भी रख सकते है और बरसात होने पर आप इसे आसानी से जेब से निकलकर आप उसका उपयोग कर सकते है। अतः आप समाज की जरुरतो को मध्य नज़र रखते हुए अपना ये व्यापार शुरू कर सकते है।

3) वाटर प्रूफ बैग व जूतों के लिए वाटर प्रूफ कवर:-

इसके साथ ही आप स्कूल वाटर प्रूफ बैग्स भी बेचने का काम शुरू करे। चूँकि बच्चे थोड़े से शरारती व नासमझ होते है, उन्हें अपनी किताबों व अन्य समान की परवाह ना होते हुए बारिश में ही स्कूल से घर आ जाते है औऱ किताबे भीग जाती है जिससे उनके माता पिता व स्वंय उन्हें भी परेशानी होती है, तो आप वाटर प्रूफ बैग्स का भी व्यापार कर सकते है।

ऑफिस जाने वाले व्यक्तियों को अपनी फाइल्स व कागजात को बारिश से बचाने के लिए उन्हें वाटर प्रूफ बैग्स की आवश्यकता है औऱ ये एक ऐसी आवश्यक वस्तु है जो एक कर्मचारी को चाहिए ही चाहिए अन्यथा उसका काम खराब हो सकता है। तो आप स्कूल बैग्स के साथ साथ अन्य सभी प्रकार के वाटर प्रूफ बैग्स भी बेच सकते है और समाज के एक सहायक के रूप में कार्यरत होकर स्वयं व अपने परिवार को भी एक अच्छा जीवन दे सकते है और परिवार के लिए अन्य सभी सुविधाएं का प्रबंध कर सकते है।

बैग्स आपको दिल्ली, मुम्बई और गुजरात जैसे महानगरों में थोक में बहुत सस्ते दामों पर मिल जाते है। आपको थोक में ये बैग्स 60-65 रुपये प्रति पीस के हिसाब से मिल जाएगा। जिसे आप 400- 500 रुपये प्रति पीस के हिसाब से बेचकर अच्छा मुनाफा कमा सकते है। इससे आप लगभग 6 गुना तक मुनाफा कमा सकते है।

वही बाइक से बाहर जाने वाले व्यक्तियों को बाहर जाते समय अपने जूते गंदे होने से बचाने के लिए जूते के लिए रबर से बने कवर की आवश्यकता होती है।जूते के कवर तो बहुत ही सस्ते दामों पर मिल जाते है। यह तो आपको थोक में थोक व्यापारियों से 30-35 रुपये प्रति पीस के माध्यम से ही मिल जाएंगे औऱ आप इन्हें 200 रुपये प्रति पीस के हिसाब से आसानी से बेच सकते है।औऱ इससे भी आप लगभग 6 गुना तक का मुनाफा कमा सकते है।

4) मोबाइल कार वाशिंग:-

आजकल महानगरों व बड़े शहरों में ज्यादातर लोगों के पास कार है, औऱ बारिश के मौसम में कार पर कीचड़ लगना व उसका गन्दा होना बहुत स्वभाविक सी बात है। कोई भी व्यक्ति गंदी कार में कहीं भी जाना पसंद नही करता है। तो आप मोबाइल कार वाशिंग का व्यवसाय कर सकते है।

इस व्यवसाय की सबसे अच्छी बात ये है कि ज्यादा से ज्यादा लोगो को आप रोज़गार भी दे सकते है और आप एक 100 व्यक्तियों की टीम बनाकर काम कर सकते है। इसमें कार मालिक को ये फायदा कि उसे बाहर नही जाना पड़ता बारिश में और एक निम्न वर्ग व्यक्ति को ये फायदा कि उसे एक रोजगार मिल जाता है ।

ये एक आधुनिक व्यवसाय है जिसका प्राचीन व्यवसाय से कोई संबंध नही है। यह व्यवसाय हमारे आधुनिकीकरण की व्यवस्था करने की नीति को दर्शाता है। इस व्यवसाय के अन्तर्गत कार मालिक आपको फोन करके अपने घर बुलाता है और आपको उसके घर पहुंचकर उसकी कार साफ करनी होती है।

5) भुट्टे का व्यापार:-

यह भी एक अच्छा व्यापार है। इसमें कोई ज्यादा पूँजी की आवश्यकता नही है। आपको किलो के हिसाब से मक्का ख़रीदनी होती है और पीस के हिसाब से बेचनी होती है। जो कि इस व्यापार के मुनाफे का एक मुख्य कारण है। आप मक्का को मंडी या सीधा किसानों के माध्यम से खरीद सकते है।चूँकि आपको ताज़ी मक्का चाहिए तो आपको कोशिश करनी चाहिए कि मक्का सीधा किसानों के माध्यम से ख़रीदे और मक्का किस किस्म की है इस बात का भी विशेष ध्यान रखें।

आपको मक्का 1700 रुपये/क्विंटल से लेकर 2000 रुपये/क्विंटल तक के बीच मिल जाएगी। यानी 17-20रुपये/किलो की दर से आपको मक्का ख़रीदनी पड़ेगी। साथ ही आपको नींबू ,काला नामक भी खरीदना पड़ेगा जहां तक नींबू की बात है 70-80 रुपये/किलो और नमक 30रुपये/किलो की दर से मिल जायेगा।

1किलो मक्का पर लगभग 6-7 पीस आते है और यदि 10रुपये/पीस की दर से भुट्टे बेचें तो आपको 17रुपये/किलो की मक्का , नींबू व नमक लगाया जाए तो आपके केवल 25-27 रुपये ही खर्च होंगे। अतः आप इस व्यापार में 40-43 रुपये प्रति किलो मक्का के भुट्टे पर समस्त खर्च के बाद बचा सकते है।

बिजनेस शुरू करने में लगत

इस काम को शुरू करने के लिये आपको किसी विशेष प्रशिक्षित व्यक्तियों की आवश्यकता नही होती। यह एक साधारण सा काम है जो कोई भी व्यक्ति कर सकता है। उपर्युक्त दिए गए व्यापारों को शुरू करना बहुत आसान है। इस तरह के व्यापार को शुरू करने के लिए 10,000-15000 रुपये की पूँजी की ही आवश्यकता होती है।

वर्तमान में देश की आर्थिक स्तिथि कोरोना के कारण हुए लॉकडाउन के कारण बेरोज़गारी की समस्या बढ़ना स्वभाविक ही है, जिससे हमारे देश की केंद्र सरकार व राज्यों की सरकार के लिए प्रत्येक व्यक्ति रोज़गार का प्रबंध कराना एक चुनौती से कम नही है। ऐसे में हमारे देश का निम्न वर्ग का बेरोजगार युवा निम्न वर्ग व देश मे बेरोज़गारी की समस्या को स्वयं अपने व्यवसाय से देश व स्वयं की आर्थिक रूप से मदद करके देश की आर्थिक स्थिति को मजबूत करने में योगदान दे सकता है और माननीय प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी जी द्वारा चलाए गए आत्मनिर्भर अभियान का अनुसरण करते हुए अपने व्यवसाय की नींव रख सकता है।

One Comment

Add a Comment

Your email address will not be published. Required fields are marked *

error: