रियल एस्टेट बिज़नेस शुरू करना हो सकता है मुनाफे का सौदा | Real Estate Business

रियल एस्टेट बिज़नेस कैसे शुरू करें पूरी सम्पूर्ण जानकारी – कोई भी व्यवसाय शुरू करना हमेशा प्रयासों से भरा कार्य होता है, हमें कई प्रयासों और कठिनाइयों से निकल कर ही सफलता प्राप्त होती है। लेकिन अगर किसी व्यवसाय में हम निरंतर और पूरी तत्परता के साथ काम करते है, तो हो सकता है सफलता थोड़ी जल्दी मिल जाए। इसलिए किसी भी बिज़नेस को चुनने से पहले उसके बारे में पूरी जानकारी होना सबसे आवश्यक है।

आज हम इस लेख के द्वारा Real Estate बिज़नेस के बारे में आपसे जानकारी साझा करने जा रहे है, तो आइये जानते है इस बिज़नेस को शुरू करने की पूरी प्रक्रिया को:

क्या है रियल एस्टेट बिज़नेस?

रियल एस्टेट बिज़नेस बहुत ही अलग तरह का व्यवसाय है, इस व्यवसाय में लाभ होने के प्रतिशत बहुत ज्यादा होते है। इस व्यवसाय के बारे में अधिकतर लोग अनजान से रहते है, लेकिन अगर सीधे शब्दों में कहा जाए तो ये व्यवसाय घर, जमीन, ऑफिस, फ्लेट आदि के खरीदने बेचने का बिज़नेस है। इसे आप खुद भी कर सकते है और पार्टनरशिप और टाई अप के ज़रिये भी आप काम शुरू कर सकते है।

रियल एस्टेट बिज़नेस का भविष्य:

भारत में रियल एस्टेट व्यवसाय चौतरफा तरक्की कर रहा है, और आज भी ये अन्य बड़े बिज़नेस की तरह एक बड़ा और लाभदायक व्यवसाय के रूप में अपने आप को स्थापित किये हुए है। ऐसा अनुमान लगाया जा रहा है कि वर्ष 2020 तक इस व्यवसाय में 2000 करोड़ की बढ़ोतरी हो सकती है, जो काफी अच्छी है।

रियल एस्टेट बिज़नेस में बदलाव:

बहुत से लोग रियल एस्टेट बिज़नेस को उतनी अहमियत नहीं देते थे, जितने की वो लायक है। लेकिन हाल ही में भारतीय रियल एस्टेट में कई सुधारों को देखा गया है। रियल एस्टेट अधिनियम (एक्ट) के कार्यान्वयन (इम्प्लीमेंटशन) से – रियल एस्टेट इन्वेस्टमेंट ट्रस्ट (आरईआईटी) और शीर्षक बीमा जैसे कांसेप्ट की शुरूआत हुई है।

इनके कारण भारतीय रियल एस्टेट अब अधिक पारदर्शी और ग्राहक-अनुकूल व्यवसाय बनने के लिए आकार ले रहा है। यह दोनों के लिए खुशी की बात है चाहे वो घर या प्रॉपर्टी को लेने वाले ग्राहक हो या फिर जो व्यक्ति रियल एस्टेट के व्यवसाय शुरू करने के लिए इस क्षेत्र में कदम रखना चाहते है।

रियल एस्टेट बिज़नेस का रजिस्ट्रेशन:

रियल एस्टेट का बिज़नेस शुरू करने से पहले आपको ये तय कर लेना होगा की आप इस क्षेत्र में अपना बिज़नेस व्यक्तिगत रूप में शुरू करना चाहते है या फिर कंपनी या पार्टनरशिप आदि के रूप में। व्यक्तिगत रूप से बिज़नेस करने के अलावा अगर आप एक कंपनी या पार्टनरशिप में बिज़नेस शुरू करना चाहते है तो आपको अपने बिज़नेस को सही प्राधिकरण (अथॉरिटी) के साथ रजिस्टर करना होगा।

वित्तीय बजट:

अपने बिज़नेस को वित्तीय तौर पर स्थिर बनाने के लिए वित्तीय बजट बनाना बहुत जरूरी है, ये एक कठिन काम है लेकिन भविष्य के लिए सही तरह की फाइनेंसिंग बहुत महत्वपूर्ण है। अगर आप व्यक्तिगत तौर पर बिज़नेस शुरू करना चाहते है तो आप अपनी पूंजी लगा कर भी बिज़नेस शुरू कर सकते है, 

लेकिन अगर आप अपनी कंपनी शुरू करना चाहते है तो आपको अधिक पूंजी की आवश्यकता होगी। इसके लिए आप किसी बैंक से लोन ले सकते है, लेकिन याद रहे की बुरा लोन भविष्य में आपके व्यवसाय को और भी ख़राब कर सकता है। इसलिए लोन लेने से पहले उसके सारे नियम और शर्तों को अच्छे से जान ले।

रेरा (RERA) रजिस्ट्रेशन:

नए रियल एस्टेट अधिनियम (एक्ट) के लागू होने से रियल एस्टेट बिज़नेस की दुनिया में बहुत बड़ा बदलाव आया है। अब एक रियल एस्टेट बिज़नेस स्थापित करने से पहले आपको संबंधित राज्य जहां आप काम करना चाहते हैं,  के लिए RERA के तहत पंजीकरण की आवश्यकता होगी। ये एक कंसल्टेशन फ़र्म से संपर्क कर आसानी से किया जा सकता है।

रजिस्ट्रेशन या तो एक मेहनती काम हो सकता है या फिर एक अच्छी कंसल्टेशन फ़र्म की मदद ले आसानी से भी किया जा सकता है। एक अच्छी कंसल्टेशन फ़र्म आपका रजिस्ट्रेशन एक या दो दिन में ही करवाने में सक्षम होती है। रजिस्ट्रेशन के बाद आपको रेरा (RERA) नंबर प्राप्त होगा जिसे आपको भविष्य में किये जाने वाले सारे सौदों में देना होगा।

रियल एस्टेट बिज़नेस में लगने वाले टैक्स

व्यावसायिक गतिविधियों के लिए, अलग-अलग टैक्स लागू होते हैं। इसलिए सबसे पहले आपको उनके बारे में जागरूक होना पड़ेगा। व्यक्तिगत एजेंट के रूप में अगर आपको काम करना है, तो आपको आयकर भरना होगा, क्योंकि RERA के तहत पंजीकरण(रजिस्ट्रेशन) के लिए, यह एक अनिवार्य दस्तावेज के रूप में आवश्यक है।

यदि आपने अपने बिज़नेस में किसी कंपनी आदि को शामिल किया है, तो आपको अब GST नंबर के लिए भी आवेदन करना होगा, जो हाल ही में गुड्स एंड सर्विस टैक्स लागू होने के कारण महत्वपूर्ण है। यह अब एक अनिवार्य कदम है क्योंकि सभी वित्तीय गतिविधियों (फाइनेंसियल एक्टिविटी) को केंद्र सरकार के अनुसार होना चाहिए।

खुद को शिक्षित करें – रियल एस्टेट के लिए प्रशिक्षण / सेमिनार में भाग लें

यदि आप किसी भी पेशे में सफल होना चाहते हैं, तो आपको अपने काम का सही ज्ञान होना आवश्यक है। भारत में रियल एस्टेट की शिक्षा के लिए बहुत अधिक जागरूकता नहीं है, हालांकि भारत भर में कुछ कंपनियां हैं जो पूरे भारत में रियल एस्टेट के उम्मीदवारों के लिए सेमिनार और प्रशिक्षण आयोजित करती हैं।

इस तरह के सेमिनार और प्रशिक्षण में शामिल होने से आपका आत्मविश्वास बढ़ेगा और आपको बहुत सी नई चीजें सीखने में मदद मिलेगी। इस तरह के प्रशिक्षण के लिए आप इंटरनेट पर देखे और उनके लिए अपनी सीट बुक करें।

अगर आप कर सके तो कुछ महीनों के लिए किसी बड़े रियल एस्टेट कंपनी में इंटर्नशिप के तौर पर काम भी कर सकते है,जिससे आप काम को वास्तव में समझ सकेंगे और उन्हें अपने व्यवसाय में अपना सकेंगे।

रियल एस्टेट में अपना क्षेत्र का चयन करें:

जब आप पूरी तरह से सुनिश्चित हो जाए कि आपको रियल एस्टेट का बिज़नेस ही करना है, तब आपको रियल एस्टेट में आगे बढ़ने के लिए अगला चरण तय करना होगा। आपको ये निश्चित करना होगा की आपको आवासीय (रेसिडेंसियल) ब्रोकरेज या वाणिज्यिक (कमर्शियल) ब्रोकरेज या दोनों के लिए काम करना है।

पोर्टफोलियो – अपने संपर्क बनाये:

रियल एस्टेट के बिज़नेस में संपर्क भी अपनी मुख्य भूमिका निभाते है। इस व्यवसाय में आपका मूल्य आपके पोर्टफोलियो या उन लोगों से निर्धारित होता है जिनसे आप जुड़े हुए हैं। उद्योग में सबसे अच्छे लोगों के साथ काम करें और लगातार अच्छे लोगों से संपर्क बनाये रखे।

रियल एस्टेट के व्यापार में काम का बड़ा प्रतिशत आपको अपने संपर्क द्वारा ही प्राप्त होता है। ऐसा इसलिए है क्योंकि यह एक विशाल क्षेत्र है और दूसरों के साथ प्रतिस्पर्धा करने के लिए, आपको दूसरों के साथ काम करने की आवश्यकता होती है।

निरीक्षण करें:

रियल एस्टेट में ब्रोकरेज की कला में महारत हासिल करने के लिए, आपको बहुत कुछ देखने की ज़रूरत होती है। डेवलपर्स का निरीक्षण करें, अन्य एजेंटों का निरीक्षण करें, होमबॉयर्स (खरीददार) का निरीक्षण करें। सब कुछ देखे और केवल तभी आपके पास शीर्ष पर रहने का मौका आ सकता है। ये व्यवसाय गतिशील है, यह कभी बदल भी बदल सकता है।

गति को बनाए रखने के लिए, और उसके साथ खुद को चलाने के लिए, आपको परिवर्तनों को अपनाना होगा और उसके अनुसार अपने निर्णय को लेना होगा। यह केवल तभी संभव है जब आप अपने आस-पास की सारी गतिविधियों के बारे में काफी जागरूक रहे।

विस्तार – अपने काम की जगह तय करें:

एक निश्चित स्तर पर किसी भी प्रकार के व्यवसाय को विस्तार की आवश्यकता होती है। जब आप एक स्थान पर रियल एस्टेट के लिए पर्याप्त समय समर्पित कर चुके हो, तो आप अपने व्यवसाय के लिए अन्य अच्छे बाजारों की तलाश शुरू कर सकते हैं। आप विभिन्न शहरों या राज्यों में अचल संपत्ति के बारे में शोध करके वहां व्यवसाय शुरू कर सकते हैं।

यहाँ आपके लोगों से संपर्क उपयोग के लिए महत्वपूर्ण साबित होंगे। विभिन्न स्थानों पर प्रशिक्षण और सेमिनार में भाग लेने से आपको विभिन्न स्थानों पर अचल संपत्ति (रियल एस्टेट)समुदाय के बारे में जानकारी मिलेगी। अचल संपत्ति (रियल एस्टेट) विशेषज्ञों से परामर्श लें जिन्हें विभिन्न राज्यों में अचल संपत्ति के बारे में जानकारी हो और अंत में, अपना कार्यस्थल तय करें।

जब आपने विस्तार करना शुरू कर दिया है, तो आपको यह भी तय करना होगा कि आप कहां काम करना चाहते हैं। एक ही समय पर विभिन्न राज्यों में संचालन संभव नहीं है इसलिए सारा काम संभालने के लिए अपने लिए सबसे बड़े बाजार को चुनें।

रियल एस्टेट बिज़नेस की मार्केटिंग:

व्यवसाय को सफलतापूर्वक विकसित करने के लिए, आपको इसे विज्ञापित करने की आवश्यकता होगी। रियल एस्टेट बिज़नेस में विज्ञापन करने के लिए अलग-अलग तरीके हैं और सबसे अच्छी सलाह यही है कि आप उन सभी को आजमाएं। सोशल मीडिया पर विज्ञापन दें, पत्रिकाओं में विज्ञापन दें।

अपने खास क्लाइंट को लक्ष्य बना कर ही मार्केटिंग करे जैसे कमर्शियल क्लाइंट्स, हाउस बायर्स आदि और उनके साथ सीधे या अप्रत्यक्ष रूप से जुड़ने के लिए आदर्श माध्यमों का पता लगाएं। आजकल कई ऑनलाइन पोर्टल जैसे मैजिक ब्रिक्स,  99 एकर्स आदि प्रॉपर्टीज को पहली बार के लिए मुफ्त में लिस्टिंग करते है, 

आप अपनी और अपने क्लाइंट्स की प्रॉपर्टी को सीधे उन पोर्टल्स पर डाल सकते है। बाद में आप फीस जमा कर नयी लिस्टिंग भी डाल सकते है। हो सकता है की विज्ञापन के परिणाम तुरंत ना आये, विशेष रूप से रियल एस्टेट बिज़नेस में, लेकिन आप धैर्य रखे धीरे-धीरे आपको नतीजे दिखने लगेंगे। विस्तार करते समय विज्ञापन महत्वपूर्ण होता है और यदि लोग आपके काम को पसंद करते हैं, तो आपका समृद्ध होना सुनिश्चित हैं।

रियल एस्टेट बिज़नेस शुरू करने से पहले निम्न बातों का भी ध्यान रखें :

1) अपने बिज़नेस की पूरी योजना बना कर ही इस व्यवसाय में उतरे।

2) जहाँ तक हो ज्यादा और अच्छे संपर्क बनाये।

3) अपने बिज़नेस को जरूर रजिस्टर कराये, इससे आपके क्लाइंट्स का आप पर विश्वास बढ़ेगा।

4) समय-समय पर सरकार और अन्य प्राइवेट कंपनी के द्वारा लगाएं गए शिविर और सेमिनार्स का हिस्सा जरूर बने, इससे आप नए बदलावों से अवगत रहेंगे और खुद को अपग्रेड रख पाएंगे।

5) अपने क्लाइंट्स को कभी भी किसी प्रॉपर्टी के बारे में गलत जानकारी ना दे, इससे आपकी प्रतिष्ठा में कमी आ सकती है और आपका बिज़नेस भी इससे प्रभावित हो सकता है।

6) अपने कमीशन के प्रतिशत को सही और कारगर तरीके से निर्धारित करे, ताकि आपको मुनाफा भी हो और क्लाइंट भी खुश रहे।

ये थी रियल एस्टेट बिज़नेस को शुरू करने की कुछ अहम् जानकारी, आशा है आपको ये लेख पसंद आया होगा। ऐसे ही और लेख के लिए जुड़े रहिये हमसे।

यह भी पढ़े :

बिना पैसे का शुरू होना वाला बिज़नेस

कम पैसे लगा कर शुरू करें यह बिज़नेस

घर बैठे महिलाओं के लिए पैसे कमाने का मौका

2 Comments

Add a Comment

Your email address will not be published. Required fields are marked *

error: